क़ुरआन मजीद - हिन्दी अनुवाद, मुहम्मद फ़ारूक़ ख़ान
114. An-Nas (The Men)
1 कहो, "मैं शरण लेता हूँ मनुष्यों के रब की
2 मनुष्यों के सम्राट की
3 मनुष्यों के उपास्य की
4 वसवसा डालनेवाले, खिसक जानेवाले की बुराई से
5 जो मनुष्यों के सीनों में वसवसा डालता हैं
6 जो जिन्नों में से भी होता हैं और मनुष्यों में से भी